सऊदी अरब में कफ़ील/कंपनी से भागकर काम करने वालों के लिए हुरूब के नियम जानें कब लग सकता है हुरूब और 60 दिन में क्या करना होगा

सऊदी अरब में कई विदेशी वर्कर किसी न किसी वजह से अपने कफ़ील या कंपनी का काम छोड़ देते हैं और दूसरी जगह काम ढूंढने लगते हैं। ऐसे में सबके मन में सबसे बड़ा डर और सवाल यही होता है कि कफ़ील या कंपनी हमारे खिलाफ कब एक्शन ले सकती है 15 दिन का नियम क्या है और जो 60 दिन का समय मिलता है वो किसलिए है

इस पोस्ट में हम बिल्कुल आसान भाषा में समझेंगे कि काम छोड़ने से लेकर नौकरी खत्म होने और उसके बाद मिलने वाले 60 दिनों का पूरा खेल कैसे चलता है।

1. वर्कर काम पर जाना बंद कर दे तो क्या होता है

अगर कोई वर्कर बिना बताए अपने कफ़ील या कंपनी में काम पर जाना बंद कर देता है तो इसका मतलब यह बिल्कुल नहीं है कि उसी दिन से हुरूब या “Absent from Work” लग जाएगा।

नियम के मुताबिक कफ़ील या कंपनी पहले आपसे संपर्क करने की कोशिश करेगी। आपको Phone, Email, मैसेज भेजेगी या लिखित में चेतावनी (Warning) देगी कि आप काम पर वापस आएं।

अगर आप बिना किसी ठोस वजह के फिर भी काम पर नहीं जाते हैं और आपकी गैरहाजिरी लगातार बढ़ती रहती है तब जाकर कफ़ील या कंपनी के पास आपकी नौकरी खत्म (Contract Terminate) करने का कानूनी अधिकार आता है।

2. 15 दिन का नियम क्या है

सऊदी लेबर लॉ (Saudi Labor Law) के अनुसार, बिना किसी सही वजह के काम से गायब रहने के लिए दो नियम बनाए गए हैं लगातार 15 दिन या फिर एक साल के अंदर अलग-अलग दिनों को मिलाकर कुल 30 दिन से ज़्यादा की गैरहाजिरी।

सीधे शब्दों में कहें तो अगर कोई वर्कर लगातार 15 दिन बिना बताए काम पर नहीं जाता है, तो कफ़ील या कंपनी को उसकी नौकरी खत्म (Contract Terminate) करने का एक कानूनी आधार मिल जाता है। लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि 15वां दिन पूरा होते ही ऑटोमैटिक “Absent from Work” लग जाएगा।

कफ़ील या कंपनी को पहले आपको वार्निंग देने की सरकारी प्रक्रिया पूरी करनी होती है। इसी तरह अगर आप बीच-बीच में गायब होते हैं और पूरे साल की छुट्टी मिलाकर 30 दिन से ज़्यादा हो जाती है तो भी कफ़ील या कंपनी एक्शन ले सकती है। इसलिए 15 दिन या 30 दिन पूरे होने को सीधे “हुरूब लगने का दिन” मत मानिए।

3. नौकरी खत्म (Contract Terminate) करने का मतलब क्या है

यह बात समझना बेहद ज़रूरी है। जब आप लगातार काम पर नहीं आते और कफ़ील या कंपनी नियमों के हिसाब से आपकी नौकरी खत्म (Contract Terminate) कर देती है तो इसका मतलब सिर्फ इतना है कि कफ़ील या कंपनी ने आपके और उनके बीच का कॉन्ट्रैक्ट सरकारी तौर पर ख़त्म कर दिया है।

जैसे ही कफ़ील या कंपनी आपका कॉन्ट्रैक्ट ख़त्म करती है, वैसे ही आपके लिए सबसे जरूरी 60 दिन की मोहलत (Grace Period) शुरू हो जाती है। यही वो 60 दिन हैं जो आपकी आगे की किस्मत तय करते हैं।

4. नौकरी खत्म (Contract Terminate) होने के बाद 60 दिन क्यों मिलते हैं

जब आपकी नौकरी आधिकारिक रूप से खत्म (Contract Terminate) हो जाती है तो सऊदी सरकार आपको अपनी कानूनी स्थिति सुधारने के लिए 60 दिन का समय देती है। इन 60 दिनों के भीतर आपके पास मुख्य रूप से दो ही रास्ते होते हैं:

  • मुख्य विकल्प (Core Options)
    • दूसरी कंपनी में नौकरी (Job Transfer/कफ़ाले (Sponsorship Change) अगर आप सऊदी में ही रहकर किसी दूसरी जगह काम करना चाहते हैं, तो नई कंपनी Qiwa पोर्टल के ज़रिए आपके कफ़ाले (Sponsorship Change) की रिक्वेस्ट डाल सकती है। आप अपने Qiwa अकाउंट से उसे एक्सेप्ट करके बिना पुराने कफ़ील या कंपनी से पूछे ट्रांसफर ले सकते हैं।
    • Final Exit (ख़ुरूज निहाई): अगर आप सऊदी अरब में आगे काम नहीं करना चाहते और अपने वतन वापस जाना चाहते हैं तो आप इन 60 दिनों के अंदर अपना Final Exit लगवा सकते हैं।

इसीलिए ये 60 दिन आपके लिए बहुत कीमती होते हैं।

5. 15 दिन और 60 दिन का फर्क आसान भाषा में समझें

सारा कन्फ्यूजन यहीं पर होता है। ध्यान से समझें:

  • 15 दिन का मतलब: काम पर लगातार न जाने की वजह से कफ़ील या कंपनी द्वारा आपकी नौकरी खत्म (Contract Terminate) करने का समय।
  • 30 दिन का मतलब: पूरे साल में अलग-अलग दिनों की गैरहाजिरी का समय।
  • 60 दिन का मतलब: नौकरी खत्म (Contract Terminate) होने के बाद नया कफ़ाले (Sponsorship Change) लेने या फाइनल एग्जिट लगाने के लिए मिलने वाला सरकारी समय।

इसे इस छोटे से चार्ट से आसानी से समझिए:

काम बंद किया ➡️ कफ़ील या कंपनी ने वापस आने को कहा ➡️ लगातार 15 दिन या साल में 30 दिन पूरे हुए ➡️ कफ़ील या कंपनी ने नौकरी खत्म (Contract Terminate) की ➡️ 60 दिन का ग्रेस पीरियड शुरू हुआ ➡️ इस बीच नया कफ़ाले [Sponsorship Change] लिया या फाइनल एग्जिट लगाया ➡️ अगर कुछ नहीं किया, तो 60 दिन बाद “Absent from Work” (हुरूब) लॉक हो गया।

6. क्या 15 दिन पूरे होते ही “Absent from Work” हो जाता है?

बिल्कुल नहीं! यह बात अपने दिमाग से निकाल दीजिए। 15 दिन लगातार गायब रहने का नियम कफ़ील या कंपनी की तरफ से नौकरी खत्म (Contract Terminate) करने के लिए है और 60 दिन पूरे होने के बाद बनने वाला “Absent from Work” स्टेटस सरकारी तौर पर हुरूब लॉक होने के लिए है। दोनों दो अलग अलग चीज़ें हैं।

7. अगर 60 दिन के अंदर दूसरी कंपनी नहीं मिली तो

अगर आप दूसरी कंपनी में जाना चाहते हैं, तो आपको उन 60 दिनों के अंदर ही नए कफ़ाले (Sponsorship Change) का प्रोसेस पूरा करना होगा।

नई कंपनी को किवा (Qiwa) पर रिक्वेस्ट डालनी होगी और आपको उसे मंजूर करना होगा। अगर 60 दिन का समय ख़त्म हो गया और कफ़ाले (Sponsorship Change) ट्रांसफर नहीं हो पाया तो आपका स्टेटस “Absent from Work” हो जाएगा।

8. अगर सऊदी अरब से वापस जाना है तो

अगर आप सऊदी में और काम नहीं करना चाहते, तो 60 दिन का समय ख़त्म होने का इंतज़ार मत कीजिए। शुरुआती दिनों में ही नियमों के मुताबिक जवाज़ात (Jawazat) से अपना Final Exit प्रोसेस पूरा कर लीजिए ताकि आप बिना किसी पाबंदी के सुरक्षित अपने देश लौट सकें।

9. अगर 60 दिन में कुछ नहीं किया तो क्या होगा?

अगर नौकरी खत्म (Contract Terminate) होने के बाद आपको 60 दिन का समय मिला और आपने हाथ पर हाथ धरे बैठे रहकर वह समय निकाल दिया तो 60वें दिन के बाद आपका सरकारी स्टेटस Absent from Work में बदल जाएगा। इसके बाद आपके पास से कफ़ाले (Sponsorship Change) लेने या नॉर्मल Final Exit लगाने की सुविधा छीन ली जाएगी और आप पर कानूनी कार्रवाई (गिरफ्तारी या डिपोर्टेशन) का खतरा मंडराने लगेगा।

10. क्या कफ़ील या कंपनी अपनी मर्जी से किसी भी वर्कर का हुरूब लगा सकता है

ऐसा बिल्कुल नहीं है कि कफ़ील या कंपनी जब चाहे किसी भी वर्कर का हुरूब लगा दे। इसके लिए वर्कर की लंबी गैरहाजिरी और कफ़ील या कंपनी का पूरा लीगल प्रोसेस होना ज़रूरी है।

लेकिन हाँ यह सोचना भी गलत होगा कि अब कफ़ील या कंपनी कुछ कर ही नहीं सकता। अगर आप सच में बिना वजह काम छोड़ेंगे तो कफ़ील या कंपनी नियमों के तहत आपके खिलाफ सरकारी कार्रवाई आगे बढ़ा सकती है।

11. दूसरी जगह काम करने वाले लोग सावधान रहें

अगर आप पुरानी कफ़ील या कंपनी का काम छोड़कर छुपकर दूसरी जगह काम करने लगे हैं तो सावधान हो जाएं। सिर्फ दूसरी जगह काम शुरू कर देने से कंप्यूटर का रिकॉर्ड अपने आप ठीक नहीं हो जाता। कानूनी तौर पर सही रहने के लिए आपको Qiwa के ज़रिए अपना कफ़ाले (Sponsorship Change) ट्रांसफर करवाना पड़ेगा।

12. इस प्रक्रिया में Iqama और Work Permit वैलिड होने के क्या नियम हैं

इस पूरी सरकारी प्रक्रिया में आपके इकामा (Iqama) और वर्क परमिट (Work Permit) का भी बहुत बड़ा रोल होता है। सरकारी नियमों के मुताबिक जब कफ़ील या कंपनी किवा Qiwa के जरिए आपकी नौकरी खत्म (Contract Terminate) करने की कार्रवाई आगे बढ़ाता है तो आपके इकामा और वर्क परमिट में कम से कम 60 दिन की वैलिडिटी बची होनी चाहिए।

अगर आपके इकामा या वर्क परमिट में सिर्फ 59 दिन या उससे कम का समय बाकी है तो कफ़ील या कंपनी सीधे आपकी नौकरी खत्म (Contract Terminate) नहीं कर पाएगा। ऐसी स्थिति में पहले आपके कफ़ील या कंपनी को आपका इकामा और वर्क परमिट 60 दिन से ज़्यादा के लिए रिन्यू (Renew) करना पड़ेगा। जब वह इसे रिन्यू कर देगा उसके बाद ही वह किवा Qiwa पोर्टल के जरिए आधिकारिक तौर पर आपकी नौकरी खत्म (Contract Terminate) कर सकता है। नौकरी खत्म (Contract Terminate) होने के बाद मिलने वाले इन 60 दिनों के अंदर ही जवाज़ात (Jawazat) के ज़रिए आपका फाइनल एग्जिट (Final Exit) लगना ज़रूरी होता है। इसलिए इस 59 दिन और 60 दिन की टाइमिंग के अंतर को हर वर्कर को बहुत गंभीरता से समझना चाहिए।

निष्कर्ष

सऊदी अरब में काम करने वाले सभी वर्कर को 15 दिन, 30 दिन और 60 दिन के फर्क को अच्छे से समझ लेना चाहिए। लगातार 15 दिन गायब रहने पर सिर्फ नौकरी खत्म (Contract Terminate) होती है हुरूब नहीं लगता। नौकरी खत्म (Contract Terminate) होने के बाद जो 60 दिन का ग्रेस पीरियड मिलता है वो आपको अपनी स्थिति सुधारने कफ़ाले (Sponsorship Change) लेने या जवाज़ात से फाइनल एग्जिट लगाने) के लिए मिलता है। अगर आप इन 60 दिनों का सही फायदा नहीं उठाएंगे तभी आपके रिकॉर्ड पर “Absent from Work” (हुरूब) लगेगा।


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